
करनाल के इंद्री में पुरानी रंजिश ने लिया हिंसक रूप—ईंट-पत्थरबाजी में पांच घायल, इलाके में तनाव
समाचार क्यारी (हरियाणा, करनाल)
हरियाणा के करनाल जिले के इंद्री कस्बे में शुक्रवार को पुरानी रंजिश ने अचानक हिंसक रूप ले लिया। वार्ड-10 में शेख समुदाय के दो पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों तरफ से जमकर ईंट-पत्थर चलने लगे। करीब एक घंटे तक चली इस पत्थरबाजी में दो महिलाओं सहित पांच लोग घायल हो गए, जबकि कई घरों और संपत्तियों को भी नुकसान पहुंचा।

जानकारी के मुताबिक, यह विवाद पहले से चली आ रही आपसी रंजिश का परिणाम था। रसूलपुर गांव के कुछ लोग जुमे की नमाज अदा करने के बाद अपने रिश्तेदारों से मिलने के लिए वार्ड-10 पहुंचे थे। इसी दौरान दोनों पक्षों के बीच कहासुनी हो गई, जो देखते ही देखते हिंसक झड़प में बदल गई।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, अचानक दोनों ओर से लोग इकट्ठा हो गए और एक-दूसरे पर ईंट-पत्थर फेंकने लगे। स्थिति इतनी गंभीर हो गई कि आसपास के लोग डर के मारे अपने घरों और दुकानों में छिप गए। इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और करीब एक घंटे तक पथराव जारी रहा।
इस दौरान रसूलपुर गांव निवासी बाबू अली, नन्हा अली, कातिशा के अलावा इंद्री के जलपाना और शहजान घायल हो गए। सभी घायलों को तुरंत सिविल अस्पताल इंद्री में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार सभी की हालत फिलहाल स्थिर है।
घटना की सूचना मिलते ही हरियाणा पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित किया। पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर किया और इलाके में शांति बहाल कराई। हालांकि, पुलिस के पहुंचने से पहले ही कई आरोपी मौके से फरार हो चुके थे।
घायल बाबू अली के बेटे तारीफ ने आरोप लगाया कि घिसरपुरी गांव के तालीम नामक युवक ने कुछ समय पहले फोन पर उनके परिवार की महिलाओं के बारे में आपत्तिजनक टिप्पणी की थी। इस मामले को लेकर पहले भी शिकायत की गई थी, जिसके बाद दोनों पक्षों के बीच तनाव बढ़ गया था। उनका आरोप है कि शुक्रवार को हमला पहले से ही योजनाबद्ध था।
तारीफ के अनुसार, जैसे ही वे अपने रिश्तेदारों से मिलने पहुंचे, दूसरे पक्ष ने डंडों और पत्थरों से हमला कर दिया। देखते ही देखते दोनों ओर से लोग भिड़ गए और स्थिति बेकाबू हो गई। इस दौरान महिलाओं और बुजुर्गों को भी नहीं बख्शा गया।
इस पत्थरबाजी से स्थानीय लोगों को भी भारी नुकसान उठाना पड़ा। वार्ड-12 निवासी अशोक सैनी ने बताया कि उनकी जेसीबी मशीन के शीशे टूट गए, जबकि आसपास के कई घरों और दुकानों को भी नुकसान पहुंचा है। उन्होंने प्रशासन से मांग की है कि उपद्रवियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए।
घटना के बाद इलाके में तनाव की स्थिति बनी हुई है। किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। हरियाणा पुलिस लगातार गश्त कर रही है और हालात पर नजर बनाए हुए है।
दोनों पक्षों की ओर से इंद्री थाना पुलिस को शिकायत दी गई है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और आरोपियों की पहचान के लिए सबूत जुटाए जा रहे हैं। पत्थरबाजी का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसकी मदद से आरोपियों की पहचान करने की कोशिश की जा रही है।
इंद्री के डीएसपी सतीश गौतम ने बताया कि पुलिस को वार्ड-10 में झगड़े की सूचना मिली थी, जिसके बाद तुरंत कार्रवाई की गई। उन्होंने कहा कि पत्थरबाजी में पांच लोग घायल हुए हैं और सभी का इलाज चल रहा है। मामले की जांच जारी है और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
यह घटना एक बार फिर यह दिखाती है कि छोटी-छोटी बातों से शुरू होने वाले विवाद किस तरह बड़े और हिंसक रूप ले सकते हैं। आपसी रंजिश और गुस्से के कारण न केवल लोगों की जान खतरे में पड़ती है, बल्कि समाज में डर और असुरक्षा का माहौल भी बन जाता है।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह के मामलों में समय रहते हस्तक्षेप करना जरूरी है। यदि शुरुआत में ही विवाद को सुलझा लिया जाए, तो इस तरह की घटनाओं से बचा जा सकता है। साथ ही, समाज के लोगों को भी शांति बनाए रखने और कानून का सम्मान करने की जरूरत है।
कुल मिलाकर, करनाल के इंद्री में हुई यह घटना न केवल एक आपराधिक वारदात है, बल्कि यह सामाजिक चेतावनी भी है। यह हमें यह सिखाती है कि आपसी मतभेदों को हिंसा में बदलने के बजाय बातचीत और समझदारी से सुलझाना ही बेहतर रास्ता है।
फिलहाल पुलिस मामले की गहराई से जांच कर रही है और आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं। प्रशासन का कहना है कि किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा और कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।




