
काशी दौरे की तैयारी तेज, 27 अप्रैल को पीएम मोदी कर सकते हैं बड़ी घोषणाएं
(समाचार क्यारी उत्तर प्रदेश.वाराणसी )
उत्तर प्रदेश के वाराणसी में एक बार फिर राजनीतिक और प्रशासनिक हलचल तेज हो गई है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संभावित दौरे को लेकर तैयारियां जोर पकड़ रही हैं। जानकारी के अनुसार, प्रधानमंत्री 27 अप्रैल की शाम अपने संसदीय क्षेत्र काशी पहुंच सकते हैं और दो दिन तक यहां रहकर विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास कर सकते हैं।

बताया जा रहा है कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के दूसरे चरण के प्रचार के समाप्त होने के बाद प्रधानमंत्री का यह दौरा तय किया जा रहा है। हालांकि, अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन प्रशासनिक स्तर पर तैयारियां पूरी गति से शुरू कर दी गई हैं। जिला प्रशासन से लेकर विभिन्न विभागों के अधिकारी इस संभावित कार्यक्रम को ध्यान में रखते हुए अपनी-अपनी जिम्मेदारियों को अंतिम रूप देने में जुट गए हैं।
सूत्रों के अनुसार, प्रधानमंत्री 28 अप्रैल को कई अहम परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास करेंगे। इसके साथ ही वे एक जनसभा को संबोधित कर सकते हैं, जिसमें विकास कार्यों के साथ-साथ देश और खासकर पश्चिम बंगाल की राजनीति को लेकर भी संदेश देने की संभावना जताई जा रही है।
इस बीच प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) की टीम ने काशी के विकास कार्यों की समीक्षा शुरू कर दी है। गुरुवार को एक ऑनलाइन बैठक आयोजित की गई, जिसमें जिले के वरिष्ठ अधिकारियों से विभिन्न परियोजनाओं की प्रगति रिपोर्ट ली गई। इसके अलावा शुक्रवार और शनिवार को भी इसी तरह की बैठकें प्रस्तावित हैं, ताकि सभी तैयारियों को समय रहते पूरा किया जा सके।
जानकारी के मुताबिक, इस बार पीएमओ की टीम विशेष रूप से सोशल सेक्टर की योजनाओं पर नजर बनाए हुए है। स्वास्थ्य, स्वच्छता, पेयजल और सीवर से जुड़ी परियोजनाओं की प्रगति का बारीकी से मूल्यांकन किया जा रहा है। माना जा रहा है कि इन्हीं रिपोर्टों के आधार पर तय किया जाएगा कि किन परियोजनाओं का लोकार्पण किया जाएगा और किनका शिलान्यास।
चर्चा है कि प्रधानमंत्री के इस दौरे के दौरान 3000 करोड़ रुपये से अधिक की परियोजनाओं को जनता को समर्पित किया जा सकता है। गौरतलब है कि वाराणसी में इस समय करीब 17,862 करोड़ रुपये की लागत से 127 परियोजनाओं पर काम चल रहा है। इनमें से कई परियोजनाएं लगभग पूरी हो चुकी हैं और उनके उद्घाटन का इंतजार किया जा रहा है।
लोकार्पण के लिए जिन परियोजनाओं के नाम सामने आ रहे हैं, उनमें कज्जाकपुरा का रेलवे ओवर ब्रिज (ROB) प्रमुख है, जिसका निर्माण लंबे समय से चल रहा था और अब यह पूरी तरह तैयार है। इसके अलावा कादीपुर में रेलवे ओवर ब्रिज, चंद्रावती क्षेत्र में विभिन्न विकास कार्य, यूपी कॉलेज में एस्ट्रो टर्फ मैदान, भगवानपुर में 55 एमएलडी क्षमता का सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (STP), काली मंदिर पांडेयपुर से आजमगढ़ तक संपर्क मार्ग का चौड़ीकरण और बीएचयू में क्रिटिकल केयर यूनिट (CCU) जैसी परियोजनाएं भी शामिल हो सकती हैं।
वहीं, शिलान्यास के लिए जिन परियोजनाओं की चर्चा हो रही है, उनमें नगर निगम का बहुप्रतीक्षित नया भवन शामिल है, जिसकी लागत करीब 97 करोड़ रुपये बताई जा रही है। इसके अलावा लोहता में 274.31 करोड़ रुपये की लागत से 60 एमएलडी का एसटीपी, 18 वार्डों में 259 करोड़ रुपये की लागत से सीवर और पेयजल परियोजनाएं, 1800 करोड़ रुपये की लागत से प्रस्तावित राजघाट पुल और रेलवे लाइन, तथा कबीरचौरा में मल्टीस्पेशियलिटी अस्पताल जैसी योजनाएं भी सूची में शामिल हो सकती हैं।
प्रधानमंत्री का यह दौरा सिर्फ विकास परियोजनाओं तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसका राजनीतिक महत्व भी काफी बड़ा माना जा रहा है। क्योंकि पश्चिम बंगाल में चुनावी माहौल के बीच काशी से दिया गया उनका संदेश राष्ट्रीय स्तर पर प्रभाव डाल सकता है।
स्थानीय प्रशासन इस संभावित दौरे को लेकर सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत करने में जुटा हुआ है। पुलिस और अन्य सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं और संभावित कार्यक्रम स्थलों का निरीक्षण किया जा रहा है। साथ ही, यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए भी विशेष योजना तैयार की जा रही है।
स्थानीय लोगों में भी प्रधानमंत्री के दौरे को लेकर उत्साह देखने को मिल रहा है। लोगों को उम्मीद है कि इस दौरे से शहर को नई परियोजनाओं की सौगात मिलेगी और विकास कार्यों को और गति मिलेगी।
कुल मिलाकर, वाराणसी में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के संभावित दौरे को लेकर माहौल पूरी तरह से सक्रिय हो गया है। अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि अंतिम रूप से कार्यक्रम की घोषणा कब होती है और किन-किन परियोजनाओं को इस दौरे में शामिल किया जाता है।




