
झज्जर के बिरड माजरा गांव में नशा मुक्ति अभियान
नशा मुक्ति, साइबर क्राइम और डायल-112 को लेकर किया गया जागरूक; मुख्य सिपाही सपना ने कहा— जागरूकता ही सुरक्षित समाज की सबसे मजबूत नींव
नशा मुक्ति टीम ने गांव बिरड माजरा गांव में नशा मुक्ति,साइबर क्राइम व डायल 112 को लेकर चलाया गया जागरूकता अभियान
समाचार क्यारी , संजय शर्मा ,सुनील कुमार,झज्जर :
झज्जर पुलिस कमिश्नर डॉ राजश्री सिंह के दिशा-निर्देशन में नशा मुक्ति टीम द्वारा गांव बिरड माजरा में जागरूकता अभियान चलाया गया। इस अभियान का उद्देश्य ग्रामीणों को नशे के दुष्प्रभावों ,आपातकालीन सेवा डायल 112 तथा साइबर क्राइम के प्रति सचेत करना था। कार्यक्रम के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया और टीम द्वारा दी गई जानकारी को ध्यानपूर्वक सुना।
नशा मुक्ति टीम में तैनात मुख्य सिपाही सपना और उनकी टीम ने बताया कि नशा व्यक्ति के जीवन को अंधकार की ओर धकेल देता है। इससे न केवल शरीर पर दुष्प्रभाव पड़ता है,बल्कि परिवार और समाज भी प्रभावित होता है। नशे की लत व्यक्ति की आर्थिक स्थिति को कमजोर करती है और पारिवारिक संबंधों में दरार पैदा कर देती है। इसलिए प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है कि वह स्वयं नशे से दूर रहे और अपने आसपास के लोगों को भी इसके दुष्परिणामों के बारे में जागरूक करे। सामूहिक प्रयासों से ही नशा मुक्त समाज का निर्माण संभव है। टीम ने आपातकालीन परिस्थितियों में डायल 112 का उपयोग करने की अपील की और बताया कि यह सेवा नागरिकों की त्वरित सहायता के लिए उपलब्ध है। इसके साथ ही साइबर क्राइम के बढ़ते मामलों पर भी विस्तार से जानकारी दी गई। उन्होंने समझाया कि आज का युग तकनीकी युग है,जिसमें इंटरनेट और मोबाइल फोन का व्यापक उपयोग हो रहा है। साइबर ठग लोगों को फर्जी लिंक,कॉल या संदेश भेजकर ठगी का शिकार बनाते हैं। किसी भी अनजान लिंक पर क्लिक न करें और किसी के साथ ओटीपी साझा न करें l जागरूकता ही नशे और साइबर अपराध से बचाव का सबसे प्रभावी माध्यम है। सतर्क और जागरूक नागरिक ही सुरक्षित समाज की नींव रख सकते हैं।




